कृषि तकनीक का बदलता स्वरूप हिमाचल प्रदेश के जिला कांगड़ा का एक तुलनात्मक अध्ययन
Ashok kumar
, Naresh kumar
अंग्रेजी का शब्द एग्रीकल्चर लैटिन भाषा के दो शब्दों में एगर तथा कल्चरा से मिलकर बना है। एगर का अर्थ है भूमि और कल्चरा का अर्थ है जुताई करना इस प्रकार एग्रीकल्चर या कृषि का अर्थ है भूमि की जुताई करना तथा पशुओं का पालन करना। दूसरे शब्दों में कृषि विज्ञान को वह शाखा है। जिसमें फसलों को गाने वह पशुओं को पालने का ध्यान किया जाता है। भारत में हरित क्रांति की सफलता के बावजूद अब भी भारतीय कृषि कई समस्याओं से ग्रसित है यहाँ भूमि अधिकार के संबंध में अब भी अर्द्ध सामंती व्यवस्ता पाई जाती है। कास्तकारो को अभी भी भूमि संबंधी अधिकार पूर्ण रूप से प्राप्त नहीं हुए हैं कृषि क्षेत्र में श्रम की स्थिति भी अच्छी नहीं है अधिकांश कृषि श्रमिकों की आय काफी कम है। यदि हरित क्रांति के क्षेत्र को छोड़ दिया जाए तो अब भी कई भागों में परंपरागत कृषि पद्धति को अपनाया जा रहा है भारतीय कृषि बाढ़ सूखा जैसी प्राकृतिक समस्याओं से भी ग्रसित है। आज भी भारतीय कृषि उत्पादन का स्तर बहुत हद तक मानसून तय करता है यही कारण है कि भारतीय कृषि को मानसून का जुआ कहा जाता है। भारत में ऋतुओं के आधार पर तीन प्रकार की फसलों में वर्गीकृत कर सकते हैं। पशुपालन भी कृषि व्यवसाय की एक शाखा है जिसमें कई प्रकार के पशुओं को उनके दूध अंडे व अन्य उत्पादों के लिए पाला जाता है भारतीय अर्थव्यवस्था में कृषि व पशुपालन का विशेष महत्व है सकल घरेलू कृषि उत्पाद में पशुपालन का 28.30% का योगदान सरहनीय है जिसमें दुग्ध एक ऐसा उत्पाद है जिसका योगदान सर्वाधिक है भारत में विश्व की कुल संख्या का 15% गाये एवं 55% भेड़ें हैं और देश के कुल दुग्ध उत्पादन का 53% भैंसो हुआ, 43% गायों और 3% बकरियों से प्राप्त होता है। भारत लगभग 121.8 मिलियन टन दुग्ध उत्पादन करके विश्व में प्रथम स्थान है जो की एक विशाल है यह उपलब्धि पशुपालन से जुड़े विभिन्न पहलुंओ जैसे मवेशियों की नस्ल पालन पोषण, स्वास्थ्य एवं आवास प्रबंधन इत्यादि में किए गए अनुसंधान एवं उसके प्रचार-प्रसार का परिणाम है लेकिन आज भी कुछ अन्य देश की तुलना में हमारे पशुओं का दुग्ध उत्पादन अत्यंत कम है और इस दिशा में सुधार की बहुत संभावनाएं है।
"कृषि तकनीक का बदलता स्वरूप हिमाचल प्रदेश के जिला कांगड़ा का एक तुलनात्मक अध्ययन", IJSDR - International Journal of Scientific Development and Research (www.IJSDR.org), ISSN:2455-2631, Vol.9, Issue 2, page no.111 - 117, February-2024, Available :https://ijsdr.org/papers/IJSDR2402018.pdf
Volume 9
Issue 2,
February-2024
Pages : 111 - 117
Paper Reg. ID: IJSDR_210014
Published Paper Id: IJSDR2402018
Downloads: 000347409
Research Area: Arts
Country: Kangra, Himachal pradesh , India
ISSN: 2455-2631 | IMPACT FACTOR: 9.15 Calculated By Google Scholar | ESTD YEAR: 2016
An International Scholarly Open Access Journal, Peer-Reviewed, Refereed Journal Impact Factor 9.15 Calculate by Google Scholar and Semantic Scholar | AI-Powered Research Tool, Multidisciplinary, Monthly, Multilanguage Journal Indexing in All Major Database & Metadata, Citation Generator
Publisher: IJSDR(IJ Publication) Janvi Wave